February 26, 2021
आगरा कारोबार क्राइम ताजा

शहर में जोरों पर नशे का कारोबार

  • टिंचर-जिंजर ही नहीं नशे के इंजेक्शन भी बेच रहे दवा विक्रेता
  • आइस, कैट, एकेस्टेसी जैसे पार्टी ड्रग्स का प्रयोग भी हुआ शुरू

शहर में नशे का अवैध कारोबार चरम पर है। नकली शराब ही नहीं, टिंचर-जिंजर, चरस, गांजा तथा नशे के इंजेक्शन शहर में बेखौफ बेचे जा रहे हैं। औषधि विभाग द्वारा शुक्रवार को भगवती मेडिकल स्टोर खंदारी तथा अंजलि मेडिकल स्टोर सुल्तानगंज पर टिंचर-जिंजर की अवैध बिक्री होते हुए पकड़ी। इन दुकानों के लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति की गई है।

सुल्तानगंज तथा नगला छिद्दा के इलाके में कई केमिस्ट की दुकानों में टिंचर-जिंजर के साथ ही नशे के इंजेक्शन फोर्टविन तथा फेनारगन तथा नशे की गोलियों की बिक्री चल रही है। नशे के आदी बहुत से युवा फोर्टविन तथा फेनारगन इंजेक्शन का प्रयोग नशे के लिए करते हैं। इन इंजेक्शन को मिलाकर इंट्रावेनस (नसों में) लगाया जाता है। दर्द में प्रयोग किए जाने वाले इन इंजेक्शन की बिक्री बिना चिकित्सक के पर्चे के नहीं की जा सकती किंतु सुल्तानगंज, नगला छिद्दा, राजामंडी, आगरा कैंट, ताजगंज सहित शहर के दर्जनों इलाकों में इनकी बिक्री की जा रही है। लंबे समय तक इन इंजेक्शन का प्रयोग करने से नसों में ब्लाकेज हो जाती है तो नशे के आदी लोग हाथ के बजाय पैर की नसों तथा उन नसों के ब्लाक होने पर जांघ के ऊपरी हिस्से की नसों में इन इंजेक्शन को लगाते हैं। नशे के  इंजेक्शन का प्रयोग करने वालों में उन लोगों की संख्या अधिक है जो पहले स्मैक का प्रयोग नशे के लिए करते थे किंतु स्मैक की ऊंची कीमत के कारण उसे खरीदने में असमर्थ हो गए हैं।

अभी हाल में न्यू आगरा पुलिस की गिरफ्त में आए नशे की दवाओं के सौदागर पंकज गुप्ता ने भी पुलिस को बताया है कि नशे की इन गोलियों की सप्लाई वह शहर के बाहर ही नहीं वरन शहर की भी कई दुकानों में करता था। अवसाद तथा दर्द में प्रयोग की जाने वाली इन टेैबलेट्स की बिक्री भी बिना चिकित्सक के लिखे हुए नहीं की जा सकती, पर शहर में स्थित दर्जनों दुकानों पर इन दवाओं की बिक्री नशे के आदी लोगों को कुछ रुपये अधिक लेकर की जा रही है। इन दवाओं में एल्प्राजोलाम, डाइजापाम, लोरजापाम सहित कई प्रकार की दवाएं शामिल हैं।

ताजगंज थाना क्षेत्र में इन दवाओं के साथ-साथ चरस, गांजा, स्मैक, आइस तथा कैट जैसे ड्रग्स की बिक्री भी चोरी-छिपे की जा रही है। आइस, केटामिन, एमडीएमए, एकेस्टेसी जैसे पार्टी ड्रग्स भी रूफ टॉप रेस्टोरेंट का चलन शहर में बढ़ने के साथ ही पार्टियों में प्रवेश कर गए हैं। शुरू में युवा पब्स में डांस के  दौरान इन ड्रग्स का प्रयोग एक्सट्रा किक के लिए करते हैं किंतु धीरे-धीरे इनके आदी हो जाते हैं।

Related Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *